मनोविज्ञान की परिभाषा एवं विकास | साइकोलॉजी हिंदी नोट्स Psychology in Hindi

Psychology in Hindi /साइकॉलजी का हिंदी में मतलब: मानव आत्मा का विज्ञान हैं. विशेष रूप से, मानव आत्मा की शक्तियों और कार्यों के व्यवस्थित या वैज्ञानिक ज्ञान, जहां तक ​​वे चेतना से ज्ञात होते हैं

गैरिट के अनुसार साइकोलॉजी(PYCHOLOGY) लेटिन भाषा के दो शब्दों से मिलकर बना हैं Psyche+logos से बना है, Psyche का अर्थ आत्मा और logos का अर्थ का अध्ययन है। अथार्त Psychology का अर्थ आत्मा का अध्ययन (Study of soul) या आत्मा का विज्ञान (Science of soul) है।

इसी प्रकार अमेरिकन साइकोलॉजिकल एसोसिएशन(American Psychological Association) के अनुसार मनोविज्ञान (psychology), मन और व्यवहार का वैज्ञानिक अध्ययन है। मनोविज्ञान एक बहुआयामी अनुशासन है और इसमें मानव विकास, खेल, नैदानिक, स्वास्थ्य सामाजिक व्यवहार और संज्ञानात्मक प्रक्रियाओं जैसे अध्ययन के कई उप-क्षेत्र(Sub-Region) शामिल हैं।

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मनोविज्ञान(Psychology) वास्तव में बहुत नया विज्ञान है, जिसमें पिछले 200 वर्षों में सबसे अधिक प्रगति हुई है। हालांकि, इसकी उत्पत्ति 400 ईसा पूर्व 400 ईसा पूर्व, प्राचीन ग्रीस में हुई थी।

मनोविज्ञान का इतिहास (History of Psychology)

मनोविज्ञान का इतिहास बहुत सारे दोस्तों का कहना था कि मनोविज्ञान के बारे में बताइए इसका इतिहास क्या था और मनोविज्ञान कैसे प्रारंभ हुआ

प्राचीन काल में साधु महात्मा जब घोर तपस्या करते थे तो आत्मा से परमात्मा का मिलन होता था यह सब बातें दर्शनशास्त्र में होती थी

दर्शनशास्त्र में एक महान संत थे जिसका नाम सुकरात थे सुकरात के शिष्य का नाम प्लेटो (Plato) था और प्लेटो के शिष्य का नाम अरस्तु थे।

माना जाता हैं अरस्तु से साइकोलॉजी का जन्म हुआ था

उसी अरस्तु से हम मनोविज्ञान का इतिहास जानेंगे. मनोविज्ञान के लिए Psychologia शब्द का प्रयोग सबसे पहले “रूडोल्फ गोईकले” (Rudolf Goclenius) ने 1590 में अपनी पुस्तक Psychologia(साइकोलॉजी) में किया

आप के मन में यह सवाल जरुर आया होगा कि मनोविज्ञान का पिता कौन है (who is the father of psychology) और क्यों कहा जाता हैं?

अरस्तु (Aristotle) के प्रयासों से मनोविज्ञान दर्शनशास्त्र (Philosophy) से 16वीं शताब्दी में अलग हुआ इसलिए अरस्तु (Aristotle) को मनोविज्ञान का पिता (जनक) (Father of Psychology) कहा जाता है।

अरस्तु के समय मनोविज्ञान(Philosophy) को स्वतंत्र रूप से मान्यता मिलने का उल्लेख रायबर्न ने अपनी किताब “An Introduction of Psychology” में किया।

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मनोविज्ञान की परिभाषा

Psychology in hindi
Psychology in Hindi/मनोविज्ञान की परिभाषा/साइकोलॉजी का अर्थ साइकोलॉजी हिंदी नोट्स

कई विद्वानों ने मनोविज्ञान को अलग-अलग प्रकार से प्रकाशित किए हैं जिनमें वाटसन, वुड़वर्थ, मैक्डूगल और बोरिंग मुख्य हैं

इन चारों विद्वानों ने किस प्रकार मनोविज्ञान को परिभाषित किये हैं नीचे पढ़ें-

मनोविज्ञान व्यवहार का निश्चित या शुध्द विज्ञान हैं

वाटसन

“तुम मुझे कोई भी बालक दे दो में उसे वैसा बनाउँगा जैसा मैं उसे बनाना चाहता हूँ ” – वाटसन

मनोविज्ञान ने सर्वप्रथम (सबसे पहले) अपनी आत्मा का त्याग किया ,फिर मन का त्याग किया ,फिर चेतना का त्याग किया और आज मनोविज्ञान व्यवहार के विधि के स्वरूप को स्वीकार करता हैं

– वुड़वर्थ

मनोविज्ञान, आचरण एवं व्यवहार का यथार्थ विज्ञान है।

– मैक्डूगल

मनोविज्ञान मानव प्रकृति का अध्ययन है।

– बोरिंग
  • क्रो एण्ड क्रो के अनुसार, “ मनोविज्ञान मानव – व्यवहार और मानव सम्बन्धों का अध्ययन हैं।”
  • बोरिंग के अनुसार, “ मनोविज्ञान मानव प्रकृति का अध्ययन हैं।”
  • स्किनर के अनुसार, “ मनोविज्ञान, व्यवहार और अनुभव का विज्ञान हैं।”
  • मन के अनुसार, “आधुनिक मनोविज्ञान का सम्बन्ध व्यवहार की वैज्ञानिक खोज से हैं।”
  • गैरिसन व अन्य के अनुसार, “ मनोविज्ञान का सम्बन्ध प्रत्यक्ष मानव – व्यवहार से हैं।”
  • गार्डनर मर्फी के अनुसार, “ मनोविज्ञान वह विज्ञान है, जो जीवित व्यक्तियों का उनके वातावरण के प्रति अनुक्रियाओं का अध्ययन करता हैं।”
  • स्टीफन के अनुसार, “शिक्षा मनोविज्ञान शैक्षणिक विकास का क्रमिक अध्ययन है।”

मनोविज्ञान के क्रमबद्ध इतिहास के विकास

अब हम जानेंगे मनोविज्ञान का विकास कैसे हुआ? इसके चार अस्तर हैं आत्मा का विज्ञान, मन का विज्ञान, चेतना का विज्ञान और व्यवहार/अनुभूति का विज्ञान

आइए अब क्रमबद्ध मनोविज्ञान के विकास लिस्ट के रूप में समझते हैं

  1. आत्मा का विज्ञान – 16वीं शताब्दी
  2. मन का विज्ञान 17वीं शताब्दी
  3. चेतना का विज्ञान 19वीं शताब्दी
  4. व्यवहार विज्ञान 20वीं शताब्दी

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अब मैं आपको मनोविज्ञान की उत्पत्ति डिटेल्स में क्रमबद्ध में व्याख्या करते हैं

आत्म का विज्ञान (Science of self)

हमने आपको पहले भी बताया था PSYCHOLOGY शब्द कि उत्पत्ति लैटिन भाषा के दो शब्दो PSYCHE+LOGOS से मिलकर बनी हैं, PSYCHE जिसका अर्थ होता है ” आत्मा का” और LOGOS का अर्थ “अध्ययन करना

इस शाब्दिक अर्थ के आधार के अनुसार सर्वप्रथम प्लेटो, अरस्तु और डेकार्ट के द्वारा मनोविज्ञान को “आत्मा का विज्ञान (Science of soul)” माना गया ।

लेकिन दुर्भाग्य वश 16वीं शताब्दी के अंत में यह परिभाषा अमान्य हो गई क्योंकि आत्मा शब्द की स्पष्ट व्याख्या नहीं होने के कारण

मन का विज्ञान (Science of mind)

इटली के मनोवैज्ञानिक पॉम्पोनोजी(Pomponazzi) ने 17वीं शताब्दी मे मनोविज्ञान को मन या मस्तिष्क का विज्ञान माना । बाद में यह परिभाषा भी अमान्य हो गई।

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चेतना का विज्ञान (Science of consciousness)

19वीं शताब्दी में विलियम वुन्ट, विलियम जेम्स, वाइव्स और जेम्स सली आदि के द्वारा मनोविज्ञान को चेतना का विज्ञान माना गया था, लेकिन अपूर्ण अर्थ होने के कारण यह भी परिभाषा भी अमान्य हो गई।

व्यवहार का विज्ञान(Science of behavior)

मनोविज्ञान को ” व्यवहार का विज्ञान ” 20वीं शताब्दी माना था और तब से लेकर आज तक यह परिभाषा प्रचलित हैं।

व्यवहार का विज्ञान समर्थक (मानने) वाले प्रमुख मनोवैज्ञानिक हैं – वाटसन, इसके अलावा वुडवर्थ , स्किनर , थॉर्नडॉइक और मैक्डुगल आदि मनोवैज्ञानिकों ने भी मनोविज्ञान को ”व्यवहार का विज्ञान” माना है

विलियम वुन्ट प्रथम मनोवैज्ञानिक प्रयोगशाला 1879 ई. में जर्मनी के लिपजिग में स्थापित की, इसलिए “विलियम वुन्ट को प्रयोगात्मक मनोविज्ञान का जनक ” माना जाता हैं

विलियम मैक्डुगल ने अपनी एक पुस्तक ”आउट लाइन साइकोलॉजी (Outline psychology)” जिसके पृष्ट संख्या(Page No) 16 पर ” चेतना शब्द ” की भरसक निन्दा की हैं।

FAQs for Psychology in Hindi (साइकॉलजी)

Q1. मनोविज्ञान को अंग्रेजी भाषा में क्या कहते हैं?

मनोविज्ञान को अंग्रेजी भाषा में साइकोलॉजी (PYCHOLOGY) कहते हैं

Q2. विलियम जेम्स ने कब मनोविज्ञान की परिभाषा दिये थे?

विलियम जेम्स ने सन १८९२ ई. मनोविज्ञान की परिभाषा इस प्रकार दी है –“मनोविज्ञान की सर्वोतम परिभाषा यह हो सकती है की यह चेतना की विभिन्न अवस्थाओं का वर्णन और व्याख्या करता है”

Q3. मनोविज्ञान चेतना का विज्ञानं किसने हैं किसने कहा?

१९वीं शताब्दी में विद्वानों ने मनोविज्ञान को चेतना का विज्ञान कहा | इसमें विलियम जेम्स (William James) वुंट (Wundt) तथा जेम्स सली (James sully ) आदि थे |

Q4. PSYCHOLOGY शब्द कि उत्पत्ति?

साइकॉलजी लैटिन भाषा के दो शब्दो से मिलकर बनी हैं PSYCHE+LOGOS

Q5. प्लेटो किसका शिष्य था?

प्लेटो यूनान का प्रसिद्ध दार्शनिक था, वह सुकरात (Socrates) का शिष्य तथा अरस्तू (Aristotle) का गुरू था।

हमे पूरा बिस्वास हैं कि आपको मनोविज्ञान की परिभाषा और साइकोलॉजी का अर्थ हिंदी में पूरी जानकारी प्राप्त हो गयी होगी आप को हमारा यह मनोविज्ञान की परिभाषा एवं विकास, साइकोलॉजी हिंदी नोट्स Psychology in Hindi पोस्ट पढ़कर आप साइकोलॉजी के इतिहास जान चुके होंगे. अपनी कोई भी सवाल निचे कमेंट में लिखें धन्यवाद|

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